जब भी राजस्थान का नाम आता है, तो मन में रेगिस्तान की तस्वीर जरूर आती है। ऐसे में लोग कल्पना भी नहीं कर पाते हैं कि यहां पर कोई हिल स्टेशन या आइलैंड भी हो सकते हैं। हिल स्टेशन माउंट आबू के बारे में तो लोग जानने लगे हैं। लेकिन इस राज्य में एक ऐसी जगह भी है, जिसके बारे में बहुत कम लोग जानते हैं। इस जगह का नाम बांसवाड़ा है। क्या आप जानते हैं बांसवाड़ा शहर में 10-20 नहीं बल्कि 100 द्वीप हैं। ऐसे में आइए जानते हैं 100 द्वीपों वाले इस शहर के बारे में.
100 द्वीपों का शहर
राजस्थान के दक्षिणी छोर पर स्थित बांसवाड़ा अपनी प्राकृतिक सुंदरता के लिए जाना जाता है। इस शहर में 100 आइलैंड्स के साथ 100 झरने भी हैं। यही कारण है कि गुजरात और मध्य प्रदेश की सीमाओं से सटे इस शहर को राजस्थान का 'चेरापूंजी' कहा जाता है। बांसवाड़ा झीलों के शहर उदयपुर से करीब 165 किमी की दूरी पर माही नदी के पास स्थित है। इस माही नदी के बैकवॉटर में छोटे-बड़े करीब 100 द्वीप हैं। मॉनसून में इस शहर की सुंदरता देखने लायक होती है।
बांसवाड़ा में कहां घूमें
अगर इस मॉनसून आप भी कहीं घूमने का प्लान कर रहे हैं, तो बांसवाड़ा एक परफेक्ट ऑफबीट लोकेशन हो सकती है। ऐसे में आइए जानते हैं कि बांसवाड़ा में आप क्या-क्या एक्सप्लोर कर सकते हैं।
चाचा कोटा गांव
बांसवाड़ा से करीब 34 किमी दूर चाचा कोटा गांव स्थित है। यह जगह आपको स्कॉटलैंड जैसी वाइब दे सकता है। चाचा कोटा गांव माही बांध के पास है। बताया जाता है कि किसी चाचा के नाम पर ही इस जगह का यह नाम पड़ा है।
लोढ़ी काशी
यह जगह राजस्थान में छोटी काशी के नाम से फेमस है। यहां पर साढ़े 12 शिवलिंग हैं, जिनका अपना-अपना धार्मिक महत्व है। लोढ़ी काशी मंदिर की भव्यता के अलावा आस्था का बड़ा केंद्र है।
त्रिपुरा सुंदरी मंदिर
यह एक प्राचीन मंदिर है, जहां पर त्रिपुरा सुंदरी मां का शक्तिपीठ है। इनको माताबारी के नाम से भी जाना जाता है। यह मंदिर 51 शक्तिपीठों में से एक है।
सिंहपुरा वॉटरफॉल
बता दें कि बांसवाड़ा से करीब 26 किमी दूर सिंहपुरा वॉटरफॉल है। सिंहपुरा वॉटरफॉल इस शहर के सेंटर ऑफ अट्रैक्शन में से एक है। यह झरना करीब 100 मीटर की ऊंचाई से गिरता है। अगर आपको नेचर के बीच समय बिताना पसंद है, तो यह जगह आपको निराश नहीं करेगी।