लखनऊ में भूमि खरीद-फरोख्त में बड़ा घोटाला, पितामह इन्फ्रा प्राइवेट लिमिटेड कंपनी निदेशकों पर धोखाधड़ी का आरोप
#pitamaacompanyfraud
लखनऊ के बख्शी का तालाब क्षेत्र में भूमि खरीद-फरोख्त को लेकर एक गंभीर धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। पीड़ित किसान एवं रजिस्ट्री धारकों ने मेसर्स पितामह इन्फ्रा प्राइवेट लिमिटेड और इसके निदेशकों पर लाखो रुपये की ठगी, चेक बाउंस, धमकी एवं जातिसूचक गालियों का आरोप लगाया है।
पीड़ित पक्ष का कहना है कि कंपनी ने 05 दिसंबर 2024 को किसानों से लगभग ₹24 लाख में भूमि खरीदी थी, लेकिन भुगतान का एक बड़ा हिस्सा अब तक नहीं किया गया। कंपनी की ओर से दिए गए लगभग ₹18 लाख के चेक बैंक में बाउंस हो गए।
इसके बावजूद कंपनी निदेशकों ने पीड़ितों को आश्वासन दिया था कि जल्द ही भुगतान कर दिया जाएगा। आरोप है कि आंशिक भुगतान (₹5 लाख) करने के बाद शेष राशि ₹13 लाख अब तक नहीं दी गई।
धमकी और गाली-गलौज का आरोप
किसानों का कहना है कि जब उन्होंने कंपनी के निदेशकों से भुगतान की मांग की तो निदेशकों ने न केवल गाली-गलौज की बल्कि जान से मारने की धमकी भी दी।
पीड़ित ने आरोप लगाया कि निदेशकों ने साफ कहा—
"अब यह ज़मीन हमारी कंपनी की है, न हम पैसा देंगे और न ही ज़मीन लौटाएँगे।"
किसानों ने यह भी आरोप लगाया कि उन्हें उनके SC/ST समुदाय से होने के कारण और अधिक प्रताड़ित किया जा रहा है।
⚖️ कोर्ट परिसर में भी घटना
सबसे गंभीर आरोप यह है कि 30 अप्रैल 2025 को सिविल कोर्ट लखनऊ परिसर में ही कंपनी निदेशकों ने उनसे जबरन चेक छीनकर फाड़ दिया। पीड़ित का कहना है कि यह घटना न्यायालय परिसर में हुई, जो कि न केवल भारतीय दंड संहिता की गंभीर धाराओं के अंतर्गत अपराध है बल्कि न्यायालय की अवमानना भी है।
कानूनी नोटिस
मुख्य मालिकाना हक रखने वाले किसानों के अधिवक्ता श्री एल.के. चन्द्र (तहसील बीकेटी) द्वारा 18 अगस्त 2025 को कंपनी और निदेशकों को नोटिस जारी किया गया है। नोटिस में साफ कहा गया है कि यदि बकाया राशि तुरंत अदा नहीं की गई तो कंपनी के खिलाफ धोखाधड़ी, जालसाजी और बैनामा निरस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी।
आरोपित निदेशक
शिकायत में निम्नलिखित निदेशकों के नाम शामिल हैं:
- नर्गिस अहमद, पुत्र मो० गफूर, निवासी – भैसामऊ, लखनऊ
- दीपक पाल, पुत्र ब्रिजलाल पाल, निवासी – कुमारन-टोला, खदरा, लखनऊ
- अनुज यादव, पुत्र राजेन्द्र प्रसाद यादव, निवासी – जानकीपुरम, लखनऊ
पुलिस व न्यायालय से गुहार
पीड़ित किसानों ने पुलिस प्रशासन, एसएसपी लखनऊ और न्यायालय से मांग की है कि मेसर्स पितामह इन्फ्रा प्राइवेट लिमिटेड के निदेशकों के खिलाफ धोखाधड़ी, चेक बाउंस, धमकी, गाली-गलौज, SC/ST एक्ट एवं कोर्ट की अवमानना जैसे गंभीर मामलों में कड़ी कार्रवाई की जाए।
What's Your Reaction?