म्याँमार: सैन्य तख़्तापलट के 5 वर्ष, मानवीय संकट से आम नागरिकों के लिए गहरी पीड़ा
म्याँमार की सेना ने पाँच वर्ष पहले लोकतांत्रिक रूप से निर्वाचित सरकार के सदस्यों को हिरासत में लेने के बाद सत्ता को हथिया लिया था, जिसके बाद से ही देश की जनता की पीड़ा गहरी होती गई है. संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने क्षोभ जताया है कि म्याँमार में दंडहीनता का चक्र जारी है और बड़े पैमाने पर मानवाधिकारों का उल्लंघन हो रहा है.
म्याँमार की सेना ने पाँच वर्ष पहले लोकतांत्रिक रूप से निर्वाचित सरकार के सदस्यों को हिरासत में लेने के बाद सत्ता को हथिया लिया था, जिसके बाद से ही देश की जनता की पीड़ा गहरी होती गई है. संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने क्षोभ जताया है कि म्याँमार में दंडहीनता का चक्र जारी है और बड़े पैमाने पर मानवाधिकारों का उल्लंघन हो रहा है.