वैश्विक माहौल में अनिश्चितता और सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र के शेयरों में गिरावट के चलते निवेशकों ने सतर्क रुख अपनाया हैं।
शेयर बाजार में दोपहर के कारोबार में प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स और निफ्टी 50 दोनों लाल निशान में कारोबार करते दिखे। सेंसेक्स करीब एक प्रतिशत से अधिक गिरकर दिन के निचले स्तर तक पहुंच गया, वहीं निफ्टी पचास में भी लगभग एक प्रतिशत तक की गिरावट दर्ज की गई। बता दें कि पश्चिम एशिया में अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता नहीं हो पाने से वैश्विक बाजारों पर दबाव बना हुआ हैं, जिसका असर भारतीय बाजार पर भी देखने को मिला है।
दोपहर तक सेंसेक्स में सैकड़ों अंकों की गिरावट दर्ज की गई, जबकि निफ्टी 50 भी नीचे फिसलकर कारोबार कर रहा था। इसी बीच कुछ शेयरों में तेज हलचल भी देखने को मिली हैं। सुनटेक रियल्टी लिमिटेड के शेयरों में जबरदस्त उछाल दर्ज किया गया है।
कंपनी ने वित्त वर्ष की चौथी तिमाही के नतीजों में अच्छा मुनाफा दिखाया है, जिसके बाद निवेशकों का भरोसा बढ़ा है। कंपनी का शुद्ध लाभ पिछले साल की तुलना में करीब सत्ताईस प्रतिशत बढ़ा है, जबकि कुल आय में भी मजबूत बढ़त दर्ज की गई है।
नेस्ले इंडिया के शेयरों में भी तेजी देखने को मिली हैं। कंपनी ने चौथी तिमाही में बेहतर नतीजे पेश किए हैं, जिससे इसका शेयर अपने उच्च स्तर तक पहुंच गया हैं। बता दें कि कंपनी का शुद्ध लाभ और राजस्व दोनों में अच्छी वृद्धि हुई हैं, जिससे निवेशकों का उत्साह बढ़ा है।
रक्षा क्षेत्र से जुड़ी कंपनी बीईएमएल लिमिटेड के शेयरों में भी तेजी आई हैं। मौजूद जानकारी के अनुसार, कंपनी को रक्षा मंत्रालय से बड़ा ऑर्डर मिला है, जिससे इसके शेयरों में उछाल देखा गया हैं। यह ऑर्डर टैंक से जुड़े उपकरणों की आपूर्ति से संबंधित बताया जा रहा है।
दूसरी तरफ सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र में गिरावट का असर साफ दिखा हैं। एचसीएल टेक्नोलॉजीज लिमिटेड के शेयरों में तेज गिरावट दर्ज की गई हैं। कंपनी ने तिमाही नतीजों के साथ मांग में अनिश्चितता और खर्च में कमी का संकेत दिया है, जिससे निवेशकों में चिंता बढ़ी है।
इसी तरह सायंट डीएलएम लिमिटेड के शेयरों में भी उतार-चढ़ाव देखा गया हैं। हालांकि कंपनी के मुनाफे में गिरावट आई है, लेकिन तिमाही आधार पर सुधार के संकेत भी मिले हैं।
कोयला क्षेत्र की कंपनी सीएमपीडीआई लिमिटेड के शेयरों में गिरावट दर्ज की गई हैं। कंपनी के मुनाफे में कमी और खर्च बढ़ने के कारण निवेशकों का भरोसा कमजोर पड़ा हैं।
वहीं अडानी पावर लिमिटेड के शेयरों में मजबूती देखने को मिली। कंपनी ने परमाणु ऊर्जा से जुड़ी एक नई सहायक कंपनी बनाई है, जिससे इसके शेयरों में तेजी आई है। गौरतलब है कि ऊर्जा क्षेत्र में इस तरह के विस्तार को भविष्य के लिए सकारात्मक माना जा रहा है।