शांति वार्ता हुई भंग! ईरान ने कुवैत-बहरीन पर दागीं मिसाइलें, जवाब में अमेरिका ने किश्म द्वीप पर बोला हमला | Middle East War

मध्य पूर्व (मिडल ईस्ट) में जारी युद्ध अब एक बेहद खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। अमेरिकी सेना ने पुष्टि की है कि ईरान द्वारा कुवैत और बहरीन की ओर दागी गई कई मिसाइलें या तो तकनीकी खराबी के कारण लक्ष्य तक पहुंचने में विफल रहीं या उन्हें हवा में ही मार गिराया गया। इस हिमाकत के जवाब में अमेरिकी सेना ने ईरान के रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण सैन्य ठिकाने पर हवाई हमला कर दिया है।अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने बयान जारी कर बताया कि ईरान के मिसाइल हमलों के तुरंत बाद अमेरिकी वायुसेना ने जवाबी कार्रवाई की।अमेरिका की सेंट्रल कमांड ने बताया कि उसकी ओर से हमला होर्मुज जलडमरूमध्य के पास स्थित किश्म द्वीप पर ईरान के एक सैन्य स्टेशन पर किया गया, जहां एक जल-शोधन संयंत्र भी है। अमेरिका के अनुसार, ईरान ने कुवैत और बहरीन की ओर मिसाइलें दागीं, लेकिन वे अपने लक्ष्य तक नहीं पहुंच सकीं। कुवैत की ओर दागी गई दो मिसाइलें रास्ते में ही विफल हो गईं, जबकि बहरीन की ओर दागी गई मिसाइलों को अमेरिका व बहरीन की सेना ने मिलकर नष्ट कर दिया। यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब ईरान ने अमेरिका और इजराइल के साथ जारी युद्ध में संघर्षविराम बढ़ाने के लिए मध्यस्थों से बातचीत रोक दी है। ईरान की दो अर्ध-सरकारी समाचार एजेंसियों की खबर में मंगलवार को कहा गया कि ईरान समर्थित लेबनानी मिलिशिया हिजबुल्ला के साथ जारी लड़ाई के दौरान बेरूत पर बमबारी की इजराइल की धमकी के बाद तेहरान ने मध्यस्थों से बातचीत रोक दी। ईरान के अर्धसैनिक रिवोल्यूशनरी गार्ड की करीबी माने जाने वाली समाचार एजेंसियों, फार्स और तसनीम की रिपोर्ट ऐसे समय में आई है जब ईरान इस बात पर जोर दे रहा है कि लेबनान में हो रही लड़ाई अमेरिका के साथ युद्ध को लेकर जारी व्यापक युद्धविराम वार्ता का हिस्सा है। मध्यस्थता में शामिल एक क्षेत्रीय अधिकारी ने कहा कि ईरान ने मंगलवार को लेबनान में युद्धविराम लागू करने की बात कहने के बाद से कोई संपर्क नहीं किया है। उन्होंने कहा कि इससे पहले ईरान ने संकेत दिया था कि जब तक लेबनान में संघर्षविराम लागू नहीं होता, तब तक वार्ता आगे नहीं बढ़ सकती। हालांकि, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वार्ता में गतिरोध की खबरों को ‘‘झूठा और गलत’’ बताया।इसे भी पढ़ें: आजमगढ़ से पाक समर्थित संदिग्ध की गिरफ्तारी पर सियासत तेज: ओम प्रकाश राजभर का सपा पर तीखा हमला ट्रंप ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर कहा, ‘‘हमारे बीच बातचीत लगातार जारी है, जिसमें चार दिन पहले, तीन दिन पहले, दो दिन पहले, एक दिन पहले और आज भी बातचीत हुई है। ये बातचीत किस दिशा में जाएगी, यह कोई नहीं जानता, लेकिन मैंने ईरान से कहा है कि अब समय आ गया है कि किसी भी तरह आपको एक समझौता करना होगा।’’ अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने वाशिंगटन (अमेरिकी राष्ट्रपति का आधिकारिक आवास एवं कार्यालय) में कांग्रेस के समक्ष सुनवाई के दौरान किसी रुकावट पर सीधे टिप्पणी नहीं की। उन्होंने वार्ता के परमाणु पहलू को लेकर आशावादी रुख अपनाया, लेकिन साथ ही चेताया कि ‘‘एक ऐसा समझौता हो जो स्वीकार्य हो, इसकी कोई गारंटी नहीं है।’’इसे भी पढ़ें: Quetta Train Blast के बाद पाकिस्तान सेना का एक्शन, Balochistan में किया बड़ा एनकाउंटर, 17 आतंकवादी ढेर  इसी बीच, अमेरिकी सेना ने कहा कि उसने एक तेल टैंकर को रोकने के लिए मिसाइल दागी, जो अमेरिकी नाकाबंदी का उल्लंघन करते हुए ईरानी बंदरगाह की ओर जा रहा था। अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने सोशल मीडिया पर कहा कि यह नाकेबंदी तोड़ने की कोशिश में रोका गया सातवां जहाज है। पोस्ट में कहा गया कि बोत्सवाना के झंडे वाले मालवाहक जहाज़ एम/टी लेक्सी को बार-बार चेतावनी देने के बाद भी चालक दल के न रुकने पर एक विमान ने ‘हेलफायर’ मिसाइल दागकर उसके इंजन रूम को निशाना बनाया।Stay updated with International News in Hindi on Prabhasakshi 

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Jun 4, 2026 - 09:07
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शांति वार्ता हुई भंग! ईरान ने कुवैत-बहरीन पर दागीं मिसाइलें, जवाब में अमेरिका ने किश्म द्वीप पर बोला हमला | Middle East War

मध्य पूर्व (मिडल ईस्ट) में जारी युद्ध अब एक बेहद खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। अमेरिकी सेना ने पुष्टि की है कि ईरान द्वारा कुवैत और बहरीन की ओर दागी गई कई मिसाइलें या तो तकनीकी खराबी के कारण लक्ष्य तक पहुंचने में विफल रहीं या उन्हें हवा में ही मार गिराया गया। इस हिमाकत के जवाब में अमेरिकी सेना ने ईरान के रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण सैन्य ठिकाने पर हवाई हमला कर दिया है।अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने बयान जारी कर बताया कि ईरान के मिसाइल हमलों के तुरंत बाद अमेरिकी वायुसेना ने जवाबी कार्रवाई की।

अमेरिका की सेंट्रल कमांड ने बताया कि उसकी ओर से हमला होर्मुज जलडमरूमध्य के पास स्थित किश्म द्वीप पर ईरान के एक सैन्य स्टेशन पर किया गया, जहां एक जल-शोधन संयंत्र भी है। अमेरिका के अनुसार, ईरान ने कुवैत और बहरीन की ओर मिसाइलें दागीं, लेकिन वे अपने लक्ष्य तक नहीं पहुंच सकीं।

कुवैत की ओर दागी गई दो मिसाइलें रास्ते में ही विफल हो गईं, जबकि बहरीन की ओर दागी गई मिसाइलों को अमेरिका व बहरीन की सेना ने मिलकर नष्ट कर दिया। यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब ईरान ने अमेरिका और इजराइल के साथ जारी युद्ध में संघर्षविराम बढ़ाने के लिए मध्यस्थों से बातचीत रोक दी है।

ईरान की दो अर्ध-सरकारी समाचार एजेंसियों की खबर में मंगलवार को कहा गया कि ईरान समर्थित लेबनानी मिलिशिया हिजबुल्ला के साथ जारी लड़ाई के दौरान बेरूत पर बमबारी की इजराइल की धमकी के बाद तेहरान ने मध्यस्थों से बातचीत रोक दी। ईरान के अर्धसैनिक रिवोल्यूशनरी गार्ड की करीबी माने जाने वाली समाचार एजेंसियों, फार्स और तसनीम की रिपोर्ट ऐसे समय में आई है जब ईरान इस बात पर जोर दे रहा है कि लेबनान में हो रही लड़ाई अमेरिका के साथ युद्ध को लेकर जारी व्यापक युद्धविराम वार्ता का हिस्सा है।

मध्यस्थता में शामिल एक क्षेत्रीय अधिकारी ने कहा कि ईरान ने मंगलवार को लेबनान में युद्धविराम लागू करने की बात कहने के बाद से कोई संपर्क नहीं किया है। उन्होंने कहा कि इससे पहले ईरान ने संकेत दिया था कि जब तक लेबनान में संघर्षविराम लागू नहीं होता, तब तक वार्ता आगे नहीं बढ़ सकती। हालांकि, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वार्ता में गतिरोध की खबरों को ‘‘झूठा और गलत’’ बताया।

इसे भी पढ़ें: आजमगढ़ से पाक समर्थित संदिग्ध की गिरफ्तारी पर सियासत तेज: ओम प्रकाश राजभर का सपा पर तीखा हमला

ट्रंप ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर कहा, ‘‘हमारे बीच बातचीत लगातार जारी है, जिसमें चार दिन पहले, तीन दिन पहले, दो दिन पहले, एक दिन पहले और आज भी बातचीत हुई है। ये बातचीत किस दिशा में जाएगी, यह कोई नहीं जानता, लेकिन मैंने ईरान से कहा है कि अब समय आ गया है कि किसी भी तरह आपको एक समझौता करना होगा।’’ अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने वाशिंगटन (अमेरिकी राष्ट्रपति का आधिकारिक आवास एवं कार्यालय) में कांग्रेस के समक्ष सुनवाई के दौरान किसी रुकावट पर सीधे टिप्पणी नहीं की। उन्होंने वार्ता के परमाणु पहलू को लेकर आशावादी रुख अपनाया, लेकिन साथ ही चेताया कि ‘‘एक ऐसा समझौता हो जो स्वीकार्य हो, इसकी कोई गारंटी नहीं है।’’

इसे भी पढ़ें: Quetta Train Blast के बाद पाकिस्तान सेना का एक्शन, Balochistan में किया बड़ा एनकाउंटर, 17 आतंकवादी ढेर

 

इसी बीच, अमेरिकी सेना ने कहा कि उसने एक तेल टैंकर को रोकने के लिए मिसाइल दागी, जो अमेरिकी नाकाबंदी का उल्लंघन करते हुए ईरानी बंदरगाह की ओर जा रहा था। अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने सोशल मीडिया पर कहा कि यह नाकेबंदी तोड़ने की कोशिश में रोका गया सातवां जहाज है। पोस्ट में कहा गया कि बोत्सवाना के झंडे वाले मालवाहक जहाज़ एम/टी लेक्सी को बार-बार चेतावनी देने के बाद भी चालक दल के न रुकने पर एक विमान ने ‘हेलफायर’ मिसाइल दागकर उसके इंजन रूम को निशाना बनाया।

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