Uttarakhand: उम्मीदों का कौन सा था बोझ जो अमन सहन नहीं कर पाए...,खुद को मारी गोली, नहीं मिली सुसाइड नोट
काशीपुर के पॉवरलिफ्टर और जिम संचालक ने अपने घर की दूसरी मंजिल पर स्थित कमरे में खुद को पिता की लाइसेंसी बंदूक से गोली मार ली। घटना से हर कोई स्तब्ध है। लोगों का कहना है कि आखिर उम्मीदों का कौन सा बोझ अमन के कंधे पर था जिसे वे उठा नहीं सके।
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