Kerala: अदालत ने हत्या के मामले में पूर्व विधायक अनवर के भतीजे को आजीवन कारावास की सजा सुनाई

केरल के मल्लपुरम जिले की एक अदालत ने पूर्व विधायक पी.वी. अनवर के भतीजे को हत्या के करीब 30 साल पुराने मामले में शनिवार को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। मंजेरी के अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश टी.वी. टेलस ने अनवर के भतीजे मलंगदान शफीक को भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 302 (हत्या) के तहत आजीवन कारावास की सजा सुनाई और एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया। अदालत ने आदेश दिया कि जुर्माना अदा न करने की स्थिति में, दोषी को मूल सजा के अलावा एक वर्ष का कठोर कारावास भी भुगतना होगा। अदालत ने राज्य सरकार को मृतक के परिवार को सहायता प्रदान करने का भी आदेश दिया। ज़िला विधिक सेवा प्राधिकरण को परिवार को दिये जाने वाले मुआवज़े की राशि निर्धारित करने का निर्देश दिया गया। बाद में, अदालत ने मामले में दोषी शफीक को केंद्रीय कारागार, थावनूर भेज दिया। पुलिस के अनुसार, यूथ लीग (मुस्लिम लीग की युवा शाखा) के कार्यकर्ता पल्लीपरम्बन मनफ की 13 अप्रैल 1995 को एडवन्ना के पास ओथाई में कथित तौर पर पिटाई की गई और चाकू मारकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने बताया कि हालांकि, अनवर इस मामले में आरोपी थे, लेकिन अदालत ने उन्हें और 21 अन्य को पहले ही बरी कर दिया है। नीलांबुर विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाले अनवर ने इस साल की शुरुआत में एलडीएफ से अलग होने के बाद इस्तीफा दे दिया था। हालांकि, उन्होंने तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार के रूप में उपचुनाव लड़ा, लेकिन शिकस्त का सामना करना पड़ा।

PNSPNS
Dec 1, 2025 - 08:39
 0
Kerala: अदालत ने हत्या के मामले में पूर्व विधायक अनवर के भतीजे को आजीवन कारावास की सजा सुनाई

केरल के मल्लपुरम जिले की एक अदालत ने पूर्व विधायक पी.वी. अनवर के भतीजे को हत्या के करीब 30 साल पुराने मामले में शनिवार को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।

मंजेरी के अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश टी.वी. टेलस ने अनवर के भतीजे मलंगदान शफीक को भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 302 (हत्या) के तहत आजीवन कारावास की सजा सुनाई और एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया। अदालत ने आदेश दिया कि जुर्माना अदा न करने की स्थिति में, दोषी को मूल सजा के अलावा एक वर्ष का कठोर कारावास भी भुगतना होगा।

अदालत ने राज्य सरकार को मृतक के परिवार को सहायता प्रदान करने का भी आदेश दिया। ज़िला विधिक सेवा प्राधिकरण को परिवार को दिये जाने वाले मुआवज़े की राशि निर्धारित करने का निर्देश दिया गया। बाद में, अदालत ने मामले में दोषी शफीक को केंद्रीय कारागार, थावनूर भेज दिया।

पुलिस के अनुसार, यूथ लीग (मुस्लिम लीग की युवा शाखा) के कार्यकर्ता पल्लीपरम्बन मनफ की 13 अप्रैल 1995 को एडवन्ना के पास ओथाई में कथित तौर पर पिटाई की गई और चाकू मारकर हत्या कर दी गई थी।

पुलिस ने बताया कि हालांकि, अनवर इस मामले में आरोपी थे, लेकिन अदालत ने उन्हें और 21 अन्य को पहले ही बरी कर दिया है। नीलांबुर विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाले अनवर ने इस साल की शुरुआत में एलडीएफ से अलग होने के बाद इस्तीफा दे दिया था। हालांकि, उन्होंने तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार के रूप में उपचुनाव लड़ा, लेकिन शिकस्त का सामना करना पड़ा।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow