उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में एक पीआरडी जवान की पुलिस हिरासत में कथित आत्महत्या के मामले ने तूल पकड़ लिया है। देहरादून के एसएसपी प्रमेंद्र डोभाल ने इस सनसनीखेज मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कार्रवाई की है। रिपोर्ट के अनुसार, जवान सुनील रतूड़ी ने रायपुर थाने में हिरासत के दौरान कंबल का फंदा बनाकर फांसी लगा ली थी।
पुलिसकर्मियों पर गिरी गाज
इस मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच सुनिश्चित करने के लिए एसएसपी ने रायपुर थाने के स्टेशन हाउस ऑफिसर और वहां तैनात तीन अन्य पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से हटाकर पुलिस लाइंस भेज दिया है। पुलिस प्रशासन का कहना है कि इस कदम से जांच प्रभावित नहीं होगी और सच्चाई सामने आ सकेगी।
परिजनों ने जताया हत्या का शक
सुनील रतूड़ी की मौत के बाद उनके परिवार ने पुलिस की कहानी पर सवाल उठाए हैं। सुनील के जीजा, अखिलेश डोभाल ने आरोप लगाया है कि यह आत्महत्या नहीं बल्कि हिरासत में हुई मौत का मामला है। उन्होंने मांग की है कि घटना के वक्त थाने में मौजूद सभी पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए और उन्हें केवल अटैच करने के बजाय निलंबित किया जाना चाहिए।
नाम सार्वजनिक करने की मांग
परिजनों का कहना है कि पूरे स्टाफ को थाने से हटाना इस बात का संकेत है कि कहीं न कहीं उनकी मिलीभगत है। उन्होंने मांग की है कि विभाग को एक आधिकारिक बयान जारी कर उन सभी पुलिसकर्मियों के नाम सार्वजनिक करने चाहिए जो इस घटना के लिए जिम्मेदार हो सकते हैं।