Children's Health: मानसून में बच्चों को Diarrhea से बचाने के लिए क्या करें और क्या न करें?
मानसून आते ही बच्चों में बीमारियों का खतरा बढ जाता है, खासकर दस्त (डायरिया) की समस्या बहुत आम हो जाती है। यह माता-पिता के लिए चिंता का विषय बन जाता है। दरअसल, मानसून की बारिश से वातावरण में नमी बढ जाती है, जिससे बैक्टीरिया और वायरस तेजी से फैलते हैं। ये कीटाणु बच्चों से लेकर बडों तक, सभी के स्वास्थ्य पर बुरा असर डालते हैं।इस मौसम में दस्त होने का मुख्य कारण अक्सर गलत खान-पान और रोटावायरस होता है। हालांकि, सही देखभाल से इस बीमारी से बचा जा सकता है और इसे ठीक भी किया जा सकता है। इसी को ध्यान में रखते हुए, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने कुछ महत्वपूर्ण दिशानिर्देश जारी किए हैं, जिनका पालन करके आप अपने बच्चों को स्वस्थ रख सकते हैं। इसे भी पढ़ें: Herbal Teas For Diabetics: डायबिटीज के मरीजों की सेहत का राज हैं ये 5 अद्भुत हर्बल चायदस्त से बचाव और सही खान-पान, स्वास्थ्य मंत्रालय के जरूरी सुझावमानसून में दस्त से बचने और अगर हो जाए तो उससे उबरने के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय ने कुछ खास और आसान सुझाव दिए हैं। इन्हें अपनाकर आप अपने और अपने बच्चों को स्वस्थ रख सकते हैं:विटामिन ए की खुराक: दस्त की गंभीरता को कम करने के लिए विटामिन ए की खुराक लेना फायदेमंद हो सकता है।साफ पानी पिएं: हमेशा साफ और सुरक्षित पानी ही पिएं। यह बीमारियों से बचने का सबसे पहला कदम है।हाथों की स्वच्छता: खाने से पहले और शौचालय का इस्तेमाल करने के बाद, नियमित रूप से अपने हाथ धोएं। यह कीटाणुओं को फैलने से रोकता है।संतुलित आहार: साल भर, खासकर मानसून के मौसम में, पौष्टिक और संतुलित आहार लेना बहुत जरूरी है। अपने आहार में ओआरएस (ORS) और नारियल पानी शामिल करें। इनमें मौजूद इलेक्ट्रोलाइट्स शरीर में पानी की कमी को पूरा करने में मदद करते हैं। इसे भी पढ़ें: Health Tips: डिप्रेशन की दवाएं खाने से कई गुना बढ़ जाता है कार्डियक अरेस्ट का रिस्क, जानिए क्या कहते हैं डॉक्टरदस्त होने पर इन चीजों से करें परहेज, हेल्थलाइन की सलाहअगर आपको दस्त हो गए हैं, तो कुछ खाद्य पदार्थों से बचना चाहिए क्योंकि वे स्थिति को और खराब कर सकते हैं। हेल्थलाइन ने उन चीजों की एक सूची दी है जिनसे आपको परहेज करना चाहिए:दूध और डेयरी उत्पाद: दूध और दूध से बनी चीजें (जैसे दूध वाले प्रोटीन ड्रिंक) न लें।तले हुए और वसायुक्त खाद्य पदार्थ: ज्यादा तेल, चिकनाई और तले हुए खाने से बचें।मसालेदार और प्रोसेस्ड फूड: बहुत ज्यादा मसालेदार खाना और प्रोसेस्ड फूड, खासकर जिनमें मिलावट हो, उनसे दूर रहें।कुछ मांसाहारी भोजन: सुअर का मांस (पोर्क) और बछडे का मांस (वील), साथ ही सारडिन मछली का सेवन न करें।कुछ सब्जियां और फल: कच्ची सब्जियां, प्याज, मक्का और सभी खट्टे फल (जैसे संतरा, नींबू) न खाएं। अनानास, चेरी, बीज वाले जामुन, अंजीर, किशमिश और अंगूर जैसे फलों से भी परहेज करें।शराब और कैफीन वाले पेय: शराब, कॉफी, सोडा और कोई भी कैफीनयुक्त या कार्बोनेटेड (गैस वाले) पेय न पिएं।कृत्रिम मिठास: सोर्बिटोल जैसी कृत्रिम मिठास का इस्तेमाल न करें। डायरिया बच्चों में होने वाली एक सामान्य लेकिन गंभीर समस्या है, जिसे सही जानकारी और देखभाल से रोका जा सकता है।साफ पानी, स्वच्छता, पौष्टिक आहार और समय पर उपचार से बच्चों को स्वस्थ रखा जा सकता है।#StopDiarrhoea2025 pic.twitter.com/bZHBabEsnc— Ministry of Health (@MoHFW_INDIA) July 9, 2025
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दस्त से बचाव और सही खान-पान, स्वास्थ्य मंत्रालय के जरूरी सुझाव
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दस्त होने पर इन चीजों से करें परहेज, हेल्थलाइन की सलाह
डायरिया बच्चों में होने वाली एक सामान्य लेकिन गंभीर समस्या है, जिसे सही जानकारी और देखभाल से रोका जा सकता है।
साफ पानी, स्वच्छता, पौष्टिक आहार और समय पर उपचार से बच्चों को स्वस्थ रखा जा सकता है।#StopDiarrhoea2025 pic.twitter.com/bZHBabEsnc— Ministry of Health (@MoHFW_INDIA) July 9, 2025
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