बांग्लादेशः हसीना के बचाव के लिए नियुक्त वकील को न्यायाधिकरण ने हटाया

बांग्लादेश के अपराध न्यायाधिकरण ने बुधवार को पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के बचाव के लिए सरकार द्वारा नियुक्त उस अधिवक्ता को हटा दिया है जिन्होंने पहले उन्हें (हसीना को) फांसी देने की मांग की थी। बांग्लादेश अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण (आईसीटी-बीडी) हसीना के खिलाफ मुकदमा चला रही है। हसीना की करीब 16 साल पुरानी सरकार पिछले साल पांच अगस्त को छात्रों के एक आंदोलन के बाद गिर गई थी। बांग्लादेश के अधिकारियों के अनुसार आईसीटी-बीडी ने हसीना के लिए बचाव पक्ष के वकील के तौर पर नियुक्त अमीनुल गनी टीटू को कार्यमुक्त कर दिया है। एक दिन पहले ही न्यायाधिकरण ने पूर्व प्रधानमंत्री के बचाव के लिए उनकी नियुक्ति की थी। हसीना पर जुलाई से अगस्त 2024 के दौरान देश में नरसंहार का आरोप है। न्यायाधिकरण ने संबंधित घटनाक्रम में आमिर हुसैन को हसीना तथा उनकी कैबिनेट में गृह मंत्री रहे असदुज्जमां खान कमाल के लिए बचाव पक्ष का वकील नियुक्त किया। टीटू ने पिछले साल फेसबुक पर एक टिप्पणी की थी जिस पर हाल में मीडिया में विवाद उठा। टीटू ने संवाददाताओं से बातचीत में स्वीकार किया कि उन्होंने पांच अगस्त, 2024 को हसीना के प्रधानमंत्री पद से हटने से कुछ घंटे पहले अपने फेसबुक पोस्ट में फांसी संबंधी अपनी मांग रखी थी, लेकिन अगर उन्हें उनका काम करने की अनुमति दी जाती तो वह इसे पेशेवर तरीके से करते। हसीना इस समय भारत में हैं और उनकी पार्टी के अधिकतर नेता या तो सलाखों के पीछे हैं या लापता हो गए हैं।

PNSPNS
Jun 26, 2025 - 03:30
 0
बांग्लादेशः हसीना के बचाव के लिए नियुक्त वकील को न्यायाधिकरण ने हटाया

बांग्लादेश के अपराध न्यायाधिकरण ने बुधवार को पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के बचाव के लिए सरकार द्वारा नियुक्त उस अधिवक्ता को हटा दिया है जिन्होंने पहले उन्हें (हसीना को) फांसी देने की मांग की थी।

बांग्लादेश अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण (आईसीटी-बीडी) हसीना के खिलाफ मुकदमा चला रही है। हसीना की करीब 16 साल पुरानी सरकार पिछले साल पांच अगस्त को छात्रों के एक आंदोलन के बाद गिर गई थी।

बांग्लादेश के अधिकारियों के अनुसार आईसीटी-बीडी ने हसीना के लिए बचाव पक्ष के वकील के तौर पर नियुक्त अमीनुल गनी टीटू को कार्यमुक्त कर दिया है। एक दिन पहले ही न्यायाधिकरण ने पूर्व प्रधानमंत्री के बचाव के लिए उनकी नियुक्ति की थी।

हसीना पर जुलाई से अगस्त 2024 के दौरान देश में नरसंहार का आरोप है। न्यायाधिकरण ने संबंधित घटनाक्रम में आमिर हुसैन को हसीना तथा उनकी कैबिनेट में गृह मंत्री रहे असदुज्जमां खान कमाल के लिए बचाव पक्ष का वकील नियुक्त किया।

टीटू ने पिछले साल फेसबुक पर एक टिप्पणी की थी जिस पर हाल में मीडिया में विवाद उठा। टीटू ने संवाददाताओं से बातचीत में स्वीकार किया कि उन्होंने पांच अगस्त, 2024 को हसीना के प्रधानमंत्री पद से हटने से कुछ घंटे पहले अपने फेसबुक पोस्ट में फांसी संबंधी अपनी मांग रखी थी, लेकिन अगर उन्हें उनका काम करने की अनुमति दी जाती तो वह इसे पेशेवर तरीके से करते। हसीना इस समय भारत में हैं और उनकी पार्टी के अधिकतर नेता या तो सलाखों के पीछे हैं या लापता हो गए हैं।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow